उत्तराखंड विधान सभा बजट सत्र का पहला दिन हंगामेदार

सोमवार को उत्तराखंड विधानसभा बजट सत्र की शुरुआत हंगामेदार रही। हरिद्वार जिले में हुए जहरीली शराब कांड को लेकर विपक्ष ने हंगामा कर दिया। सत्र शुरू होते ही राज्यपाल बेबीरानी मौर्य ने अभिभाषण पढ़ा, लेकिन इस दौरान सदन में विपक्ष ने शराब कांड को लेकर हंगामा कर दिया। विपक्ष के विधायकों ने हाथों में नारे लिखी तख्तियां उठाई। वहीं नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश ने सवाल उठाया कि 11 बजे पहले राज्यपाल का अभिभाषण कैसे शुरू हुआ। राज्यपाल का अभिभाषण करीब 10.55 पर शुरू हुआ था। उन्होंने सदन की परंपरा तोड़ने का आरोप लगाया। वहीं जहरीली शराब कांड पर विपक्ष ने आबकारी मंत्री के इस्तीफे की मांग भी की। हंगामा करते हुए सरकार को बर्खास्त करने की मांग कर डाली। जिसके बाद राज्यपाल के अभिभाषण का बहिष्कार कर विपक्ष ने वॉकआउट कर दिया और कांग्रेसी विधायक धरने पर बैठ गए।  हंगामे के बीच ही राज्यपाल ने अपना अभिभाषण पूरा किया। इसके बाद अध्यक्ष ने तीन बजे तक सदन को स्थगित कर दिया।

इसके बाद सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मीडिया को बताया कि जहरीली शराब कांड जैसे मामलों की जांच के लिए सरकार एक सख्त विधेयक लाएगी। वहीं इसके लिए एक आयोग का गठन भी किया जाएगा। हरिद्वार में हुई घटना की तह तक जाकर जांच की जाएगी। इसके लिए आईजी रैंक के अधिकारी की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की जा रही है। मामले में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश पहले ही दिए जा चुके हैं। कहा कि उत्तराखंड व उत्तरप्रदेश पुलिस की संयुक्त कमेटी बनाई गई है। हरिद्वार और सहरानपुर के एसएसपी इस पूरे मामले का खुलासा कर चुके हैं कि शराब किनके द्वारा बनाई गई, कहां बनाई गई व किसके द्वारा बेची गई। हमारा प्रयास है कि इस मामले में संलिप्त सभी लोगों तक पहुंचा जाए। तीन बजे बाद एक बार फिर सदन की कार्यवाही शुरू हुई। लेकिन विपक्ष अपनी बात पर अड़ा रहा। जिसके बाद विधानसभा सदन मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *